रिक्षित की सकुशल वापसी के लिए भाजपा की पहल पर सांसद सहित मंत्री जुटे
अमेरिकी सेना ने अपने कब्जे में लिए तेल वाहक जहाज में सवार पालमपुर निवासी रिक्षित सहित 28 लोग
धर्मशाला/ पालमपुर।
मर्चेंट नेवी में कार्यरत पालमपुर विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत रानी सिद्धपुर के युवक रिक्षित चौहान को समुद्री तेल वाहक जहाज के साथ अमेरिकी सेना द्वारा अपने कब्जे में ले लिए जाने पर परिजन चिंतित हो गए। बताया जा रहा है कि इस जहाज में 28 लोग थे जिसमें से तीन भारतीय हैं। इन तीनों भारतीयों में एक पालमपुर निवासी रिक्षित है, जबकि दो अन्य गोवा और केरल से हैं ।
रिक्षित चौहान रूस से वेनेजुएला एक तेल वाहक जहाज में गए थे, लेकिन अमेरिका और वेनेजुएला के युद्ध के चलते इस जहाज को अमेरिकी सेना ने अपने कब्जे में ले लिया। इस घटना की जानकारी मिलते ही भाजपा नेता त्रिलोक कपूर ने रिक्षित चौहान के परिजन से आज रविवार को मुलाकात कर उन्हें पूर्ण रूप से आश्वस्त किया कि मोदी है तो मुमकिन है। चाहे विश्व के शक्तिशाली राष्ट्रीय देश रूस हो या अमेरिका। भारत के यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज दुनिया में बहुत बड़ी भूमिका में हैं।
कपूर ने कहा कि अगर युद्ध के मैदान से भारत के विंग कमांडर अभिमन्यु को पाकिस्तान के चंगुल से स्वस्थ और सम्मानपूर्वक अपने देश लेकर आ सकते हैं तो यह काम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लिए मुश्किल नहीं है। इस पर उन्होंने कांगड़ा-चंबा लोकसभा सांसद डॉ राजीव भारद्वाज से परिजनों की फोन पर बात करवाई। सांसद डॉ भारद्वाज ने कहा वह अभी विदेश मंत्रालय से संपर्क करेंगे और 16 तारीख को व्यक्तिगत रूप से भारत के विदेश मंत्री एस विजय शंकर से भी बात करेंगे ताकि रिक्षित चौहान सुरक्षित अपने परिजनों के पास लौटकर आ सके।
भाजपा नेता कपूर ने कहा कि इस घटना के संदर्भ में उन्होंने भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा को भी अवगत करवा दिया है, उनका कार्यालय भी विदेश मंत्रालय से निरंतर संवाद में है।



